7th Pay Commission DA Hike: सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए नया साल खुशियां लेकर आया है। महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी के संकेत मिल रहे हैं, जो एक करोड़ पंद्रह लाख कर्मचारियों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाएगी। यह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2025 से लागू होगी।
वर्तमान में केंद्रीय कर्मचारियों को 7वें वेतन आयोग की बेसिक पेंशन पर 53 प्रतिशत महंगाई भत्ता मिल रहा है। नए प्रस्ताव के अनुसार यह बढ़कर 56 प्रतिशत हो जाएगा। यह बढ़ोतरी ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स के आंकड़ों पर आधारित है।
आंकड़ों का विश्लेषण
एआईसीपीआई के नवीनतम आंकड़े इस बढ़ोतरी की पुष्टि करते हैं। जुलाई से नवंबर तक के आंकड़ों में लगातार वृद्धि देखी गई है। नवंबर में यह आंकड़ा 144.5 पर पहुंच गया, जो महंगाई भत्ते में तीन प्रतिशत की बढ़ोतरी को न्यायसंगत ठहराता है।
इस बढ़ोतरी का सीधा प्रभाव कर्मचारियों की मासिक आय पर पड़ेगा। उदाहरण के लिए, 18,000 रुपये बेसिक वेतन वाले कर्मचारी को वर्तमान में 9,540 रुपये महंगाई भत्ता मिल रहा है, जो बढ़कर 10,080 रुपये हो जाएगा। इस प्रकार 540 रुपये की मासिक वृद्धि होगी।
उच्च वेतन वर्ग पर प्रभाव
उच्च वेतन वर्ग में भी महत्वपूर्ण वृद्धि होगी। 44,900 रुपये बेसिक वेतन वाले कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 23,797 रुपये से बढ़कर 25,144 रुपये हो जाएगा, जो 1,347 रुपये की मासिक वृद्धि दर्शाता है।
घोषणा की संभावना
सरकार द्वारा इस बढ़ोतरी की आधिकारिक घोषणा फरवरी के अंत में होने की संभावना है। 26 फरवरी को होने वाली मंत्रिमंडल की बैठक में इस पर अंतिम मुहर लगने की उम्मीद है।
पेंशनरों के लिए लाभ
यह बढ़ोतरी न केवल सेवारत कर्मचारियों बल्कि पेंशनरों के लिए भी लाभदायक होगी। उनकी पेंशन में भी इसी अनुपात में वृद्धि होगी, जो उनके जीवन स्तर को बेहतर बनाने में सहायक होगी।
महंगाई भत्ते में यह बढ़ोतरी सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए राहत भरी खबर है। यह न केवल उनकी क्रय शक्ति को बढ़ाएगी बल्कि बढ़ती महंगाई से निपटने में भी सहायक होगी। यह कदम सरकार की कर्मचारी कल्याण के प्रति प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।